जनता इंतजार करती रही, मंत्री जी 100 मीटर दूर से निकल गए, जनकल्याण शिविर में नहीं पहुंचे प्रभारी मंत्री, उठे कई सवाल


जनता इंतजार करती रही, मंत्री जी 100 मीटर दूर से निकल गए, जनकल्याण शिविर में नहीं पहुंचे प्रभारी मंत्री, उठे कई सवाल
उमरिया तपस गुप्ता (7999276090)
जिले के बिरसिंहपुर पाली जनकल्याण शिविर में अपनी समस्याएं लेकर पहुंची जनता घंटों तक प्रभारी मंत्री नागर सिंह चौहान का इंतजार करती रही, लेकिन मंत्री जी शिविर स्थल तक पहुंचने की बजाय महज 100 मीटर दूर से अपने काफिले के साथ निकल गए। निर्धारित कार्यक्रम में शामिल होने के बावजूद मंत्री के नहीं पहुंचने से लोगों में नाराजगी और मायूसी दोनों देखने को मिली।
बुधवार को अनुसूचित जाति कल्याण मंत्री एवं उमरिया जिले के प्रभारी मंत्री नागर सिंह चौहान एक दिवसीय दौरे पर जिले में थे। उन्होंने विकासखंड पाली के ग्राम अमिलिहा में आयोजित जन कल्याण शिविर में पहुंचकर विभिन्न विभागों के स्टॉलों का निरीक्षण किया तथा हितग्राहियों को प्रमाण पत्र, खाद और बीज का वितरण किया। इसके बाद उनके अधिकृत कार्यक्रम में दोपहर 12:30 बजे पाली नगर के गायत्री मंदिर के सामने आयोजित जनकल्याण शिविर में शामिल होना तय था।
शिविर में मंत्री के आगमन को लेकर प्रशासन ने पूरी तैयारी कर रखी थी। दोपहर 12 बजे से ही लोग अपनी समस्याएं लेकर पहुंचने लगे थे। कई लोग इस उम्मीद में बैठे थे कि प्रभारी मंत्री से सीधे मुलाकात कर अपनी बात रख सकेंगे। लेकिन समय गुजरता गया और मंत्री नहीं पहुंचे।
इसी दौरान खबर मिली कि मंत्री का काफिला अंबेडकर चौक से होकर उमरिया की ओर रवाना हो गया। हैरानी की बात यह रही कि अंबेडकर चौक और शिविर स्थल के बीच की दूरी लगभग 100 मीटर ही है। लोगों का कहना है कि मंत्री यदि चाहते तो दो मिनट में शिविर तक पहुंच सकते थे, लेकिन ऐसा नहीं हुआ।
शिविर में मौजूद लोगों ने नाराजगी जताते हुए कहा कि जब मंत्री को कार्यक्रम में शामिल नहीं होना था तो फिर जनता को घंटों इंतजार क्यों कराया गया। कई लोग दोपहर से शाम तक बैठे रहे, लेकिन उन्हें निराश होकर लौटना पड़ा।
मंत्री के इंतजार में बैठे रहे कांग्रेसी, सौंपना था भ्रष्टाचार का ज्ञापन
मामले का राजनीतिक पहलू भी सामने आया। कांग्रेस और यूथ कांग्रेस के कार्यकर्ता मंत्री के आगमन का इंतजार करते रहे। कांग्रेस नेताओं का कहना है कि वे नगर पालिका पाली द्वारा बनाए जा रहे नए बस स्टैंड में कथित भ्रष्टाचार और अनियमितताओं की शिकायत प्रभारी मंत्री को सौंपना चाहते थे।
ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष रवि मिश्रा और यूथ कांग्रेस ब्लॉक अध्यक्ष रजनीश तिवारी अपने समर्थकों के साथ कई घंटे तक शिविर में मौजूद रहे। मंत्री के नहीं पहुंचने पर उन्होंने जिला कलेक्टर राखी सहाय को ज्ञापन सौंपकर जांच की मांग की।
जनता से ज्यादा जरूरी था काफिला
मंत्री के काफिले को लेकर भी चर्चाएं तेज रहीं। स्थानीय लोगों का कहना है कि एक तरफ प्रधानमंत्री और मुख्यमंत्री मोहन यादव सरकारी खर्च और अनावश्यक वाहनों के उपयोग को कम करने की बात करते हैं, वहीं दूसरी ओर मंत्री का लंबा काफिला चर्चा का विषय बना रहा।

लोगों के बीच सवाल उठता रहा कि जब मंत्री शिविर स्थल से कुछ कदम की दूरी पर थे, तब आखिर जनता के बीच पहुंचने से परहेज क्यों किया गया।क्या जनकल्याण शिविर केवल औपचारिकता बनकर रह गए हैं या फिर जनता की समस्याएं सुनने का दावा जमीनी स्तर पर कमजोर पड़ रहा है।
कार्यक्रम में नाम था, लेकिन पहुंच नहीं पाए मंत्री
जारी अधिकृत कार्यक्रम के अनुसार प्रभारी मंत्री नागर सिंह चौहान को सुबह 11 बजे अमिलिहा और दोपहर 12:30 बजे पाली के जनकल्याण शिविर में शामिल होना था। लेकिन पाली का कार्यक्रम अधूरा रह गया और मंत्री सीधे आगे के कार्यक्रमों के लिए रवाना हो गए।
